बीवी को दोस्त के लंबे मोटे लंड से चुदवाया

यहाँ आपकी कहानी का सुव्यवस्थित और प्रवाहपूर्ण रीफ्रेज़्ड संस्करण है:


नमस्कार दोस्तो,

मेरा नाम नमन है (यह नाम बदला हुआ है)। मैं छत्तीसगढ़ के एक छोटे से शहर से हूँ। शहर का नाम यहाँ नहीं लूँगा।

मैं लंबे समय से अन्तर्वासना की कहानियाँ पढ़ता आ रहा था, लेकिन कभी सोचा नहीं था कि अपनी खुद की कहानी यहाँ शेयर करूँगा। यह मेरी पहली सेक्स कहानी है, इसलिए अगर कोई कमी-अधूरी बात रह जाए तो माफ करना।

मेरी शादी को लगभग सात साल हो चुके हैं। मेरी उम्र उनतीस साल है। मैं दिखने में पतला-दुबला हूँ, लेकिन हैंडसम और एकदम गोरा-चिट्टा हूँ। मेरी पत्नी रूचि (नाम बदला हुआ है) काफी सेक्सी है। उसका फिगर लगभग 32-28-34 है। उसकी उभरी हुई गांड देखकर अच्छे-अच्छे मर्दों का लंड खड़ा हो जाता है। रूचि थोड़ी सांवली है, लेकिन दिखने में बेहद आकर्षक और सेक्सी लगती है।

हमारी सेक्स लाइफ बहुत जबरदस्त है। हम दोनों ही सेक्स के बड़े शौकीन हैं। एक-दूसरे को और मज़ेदार बनाने के लिए अक्सर अलग-अलग नामों या रिश्तों का रोलप्ले करते हैं। जब मैं रूचि की चूत चाटता हूँ तो वह “ओह्ह… आह्ह… उफ्फ… हाय मर गई मेरे राजा!” जैसी कामुक आवाज़ें निकालती है। वह खुद भी मेरे लंड को पूरा मुँह में लेकर इतने प्यार से चूसती है कि कमाल हो जाता है।

एक दिन रूचि को ब्लू फिल्म देखते हुए दूसरे लंड की चाहत हो गई। उसी रात सेक्स करते समय उसने अचानक पूछा, “तुम्हें मेरी चूत के अलावा किसी और की लेने का मन नहीं होता?”

मैंने मज़ाक में कहा, “क्यों नहीं, मुझे तो तुम्हारी दीदी कान्ता की लेने का मन करता है!”

रूचि पहले थोड़ा गुस्सा हुई, फिर हँस पड़ी और बोली, “हाँ, मुझे भी तुम्हारे दोस्त मोनू का लेने का मन करता है!”

हम दोनों ने इसी तरह की सेक्सी बातें कीं और एक-दूसरे को और गरम करने लगे। उस रात हमने रात तीन बजे तक जमकर सेक्स किया और फिर सो गए। रूचि बहुत खुश थी।

सुबह उठते ही रूचि बोली, “आज मोनू का कॉल आया था। कुछ वीडियो के बारे में पूछ रहा था।”

मुझे याद आया कि मोनू ने मुझे एक सेक्स वीडियो भेजा था, जो मैंने अभी तक नहीं देखा था। मैंने कहा, “हाँ, शाम को बात करता हूँ।”

उसी रात मैंने रूचि को वह वीडियो दिखाया। वीडियो में लड़के का लंड देखते ही रूचि के होश उड़ गए। वह धीरे से बड़बड़ाई, “क्या मोटा-लंबा लवड़ा है यार… काश ऐसा लवड़ा मुझे भी एक बार मिल जाए…”

उसकी यह दबी हुई बात मैंने सुन ली और समझ गया कि मेरी बीवी को मूसल जैसे बड़े लंड से चुदने का मन है। बस यहीं से मैंने एक प्लान बना लिया।

मैंने दूसरे शहर के अपने एक दोस्त को घर खाने पर बुलाया। रूचि को पता नहीं था कि आज मेरा दोस्त रात यहीं रुकने वाला है। खाना खाने के बाद मैंने रूचि से कहा, “आज मैं तुम्हें एक जबरदस्त सरप्राइज़ देने वाला हूँ।”

रूचि बहुत एक्साइटेड हो गई। वह अच्छे से तैयार होकर मेरा इंतज़ार करने लगी। मैंने अपने दोस्त को पहले ही कमरे में बुला लिया था। वह अलमारी में छिपा हुआ था।

मैंने रूचि से कहा, “सरप्राइज़ के लिए तैयार हो जा मेरी बुलबुल!”

रूचि ने हाँ में सिर हिलाया। फिर मैंने उसकी आँखों पर पट्टी बाँध दी।

रूचि बोली, “पट्टी क्यों?”

मैंने कहा, “तू चुप रह, बस इंतज़ार कर।”

मेरा दोस्त अलमारी से बाहर आया। मैंने उसे इशारा किया—जल्दी नंगा हो जा और सामने खड़ा हो। उसका लंड वाकई कमाल का था—खीरे जैसा मोटा और लंबा, करीब आठ इंच का। मेरा लंड तो बस छह इंच का है।

मैंने रूचि को उठाकर घुटनों के बल बैठा दिया और धीरे-धीरे उसकी पट्टी खोली। जैसे ही रूचि ने वह आठ इंच का मोटा लंड देखा, उसके होश उड़ गए। उसने झट से उसे पकड़ा और मुँह में लेकर जोर-शोर से चूसने लगी। इतनी देर तक चूसती रही कि उसकी आँखें लाल हो गईं।

फिर रूचि ने सारे कपड़े निकालकर फेंक दिए और पूरी नंगी हो गई। उसकी जवानी और उभरी हुई गांड देखकर मेरा दोस्त भी पागल हो गया। वह रूचि के ऊपर टूट पड़ा और उसकी चूत चाटने लगा। एक हाथ से वह मेरी बीवी के दूध मसलने लगा। पूरे दस मिनट तक वह उसकी चूत को जमकर चाटता रहा।

रूचि की कामुक आवाज़ें निकल रही थीं—“ह्ह्ह… आअस्स्स… ओह्ह्ह… और जोर से… हाय!”

जब चूत चटाई करके दोस्त अलग हुआ तो रूचि उठकर घोड़ी बन गई। वह आठ इंच लंबे और मोटे लंड को अपनी चूत में लेने को तैयार हो गई। जैसे ही मेरे दोस्त का लंड उसकी चूत में पूरा घुस गया, रूचि की आँखों से आँसू बहने लगे। वह रोती हुई जोर से चिल्लाई—

“आह… फाड़ दी बहन के लौड़े ने… आह चूत का भोसड़ा बन गया!”

मेरे दोस्त ने उसके दूध दबाते हुए कहा, “रुक जाऊँ क्या मेरी छिनरो?”

अब तक उसने लंड को जज़्ब कर लिया था, इसलिए वह कराहती हुई बोली—“साले लंड निकाला तो जान से मार दूँगी… आह चोद दो मुझे… जोर-जोर से चोदो… फाड़ दो मेरी चूत… आह्ह्ह्ह!”

रूचि इतनी शिद्दत से चुद रही थी जैसे उसने पहले कभी चुदाई ही न की हो। उसके मुँह से सिर्फ “ह्ह्ह्ह… उफ्फ उफ्फ… आआह आआ… हाय…” की आवाज़ें गूँज रही थीं। पूरा कमरा इन आवाज़ों से भर गया।

जब मेरी बीवी मस्त हो गई और उसे आठ इंच के लौड़े से चुदने में मज़ा आने लगा, तब वह मुझे देखने लगी। मैं सामने सोफे पर बैठकर अपनी घरवाली को चुदते हुए देख रहा था और अपना लंड हिला रहा था। रूचि मुझे देखकर मुस्कुराई। उसने मुझे देखकर अपने होठों पर जीभ फिराकर अश्लील इशारा किया।

मैं समझ गया कि इस कुतिया को मुँह में भी लंड चाहिए। मैं उसके पास आ गया और आगे से उसके मुँह में अपना लंड दे दिया। वह मस्ती से मेरे लौड़े को मुँह से चूसने लगी और जीभ से मेरे टट्टों को चाटने लगी। मैंने दोनों हाथों से उसके दोनों दूध पकड़कर मसले और लंड को उसके मुँह में पेलते हुए आगे-पीछे करने लगा।

उधर पीछे से मेरा दोस्त मेरी बीवी की चूत बजा रहा था और इधर आगे से मैं रूचि के मुँह की चुदाई कर रहा था। सच में एक फोटो लेने का दिल कर रहा था, मगर रूचि ने मना कर दिया।

फिर मैंने कहा, “एक साथ दो लंड लेने का मन है क्या?”

वह हँसी और ना में सिर हिलाने लगी। मैं समझ गया कि वह सैंडविच चुदाई करवाना तो चाहती है, लेकिन कहना नहीं चाहती। मैंने अपने दोस्त को इशारा किया। वह समझ गया और मेरी बीवी की चूत से लंड निकालकर चित लेट गया।

अब रूचि ने उसके लंड पर चूत सेट की और दोस्त के लौड़े की सवारी गाँठने लगी। उसकी मदमस्त गांड गज़ब हिल रही थी। तभी मेरे दोस्त ने मेरी बीवी को अपनी छाती से चिपका लिया, जिससे रूचि की गांड का छेद खुल गया। मेरी बीवी की चूत में पहले से मोटा लंड पूरा घुसा हुआ था। उस वक्त मेरे दोस्त के टट्टे मेरी बीवी की चूत के बाहर दिखाई दे रहे थे—मस्त नज़ारा था।

मैं पीछे से आ गया और अपने लौड़े को अपनी बीवी की गांड में घुसेड़ने लगा। मेरा लंड अंदर नहीं जा पा रहा था, तो मेरे दोस्त ने अपने लंड को आधा बाहर निकाला। तब मेरे लौड़े के सुपारे ने मेरी बीवी की गांड में अपना मुँह घुसा पाया। वह दर्द से चीखने को हुई, मगर मेरे दोस्त ने उसके मुँह को अपने मुँह से बंद कर दिया था। वह सिर्फ कसमसा रही थी और अपनी चूत-गांड में लंड लेकर मचल रही थी।

मैंने कोशिश करके आधा लंड बीवी की गांड में पेल दिया। वह कुछ पल बाद दोनों लंड से चुदने जरूर लगी, लेकिन उसे मज़ा नहीं आ रहा था। वह मुझसे बोली—

“मुझे मज़ा दिलाने के लिए इसको बुलाया था न!”

मैंने कहा, “हाँ।”

तो वह मुझे गाली देकर बोली—“फिर हट जा मादरचोद मेरी गांड से… और मुझे इसके लौड़े से चुदाई का मज़ा ले लेने दे।”

मैं हट गया और वापस अपने लंड को उसके मुँह में देकर चुसवाने का मज़ा लेने लगा। मेरी बीवी फिर से मेरे दोस्त के बड़े लौड़े से चुदवाने का मज़ा लेने लगी।

करीब आधा घंटा तक मेरी बीवी की ऐसी जबरदस्त चुदाई हुई, लगा जैसे कोई वेश्या चुद रही हो। जब हॉट वाइफ फक खत्म होने वाला था तो रूचि मेरे दोस्त का माल पीने ही वाली थी कि मैंने मना कर दिया। मैंने अपना पूरा रस रूचि के मुँह में भर दिया। रूचि ने मेरा सारा रस निगल लिया। फिर उसने एक बार फिर आठ इंच के लंड को मुँह में लेकर अच्छे से चूसा। उसके बाद वह नहाने चली गई।

मेरा दोस्त भी फ्रेश होकर आया और बोला, “यार, भाभी की लेने में बहुत मज़ा आया। आज से पहले कभी इतना मज़ा नहीं आया था। एक दिन तू भी मेरी बीवी मानसी का मज़ा ले लेना!”

मैंने मन में सोचा—साले तेरी बीवी की लूँगा तो जरूर… भले उसे मेरे लौड़े से चुदवाकर मज़ा आए या न आए। उसकी बीवी आठ इंच वाले लौड़े से चुदती है, तो मेरे छह इंच के लंड से चुदवाने में उसे कैसे मज़ा आएगा!

फिर वह चला गया।

मैंने रूचि से पूछा, “कैसा लगा सरप्राइज़?”

रूचि मुझसे लिपटकर रोने लगी और मुझे किस करने लगी। वह बोली, “बहुत मज़ा आया… क्या मस्त सरप्राइज़ दिया है यार!”

मैं उसे चूमने लगा। वह मुस्कुराती हुई बोली, “अब मेरी बारी है… मैं भी तुम्हें एक सरप्राइज़ दूँगी!”

मैं मन ही मन सोचने लगा कि शायद यह भी मुझे किसी की चूत चोदने देगी। सच में मज़ा आ जाएगा… एक पलंग पर दो-दो चूत चोदने मिल जाएँगी।

दोस्तो, इस अनुभव से मुझे एक बात पूरी तरह समझ आ गई—बीवी किसी की भी हो, वह पराए मर्द से चुदने के लिए हमेशा तैयार रहती है… बस कभी बोल नहीं पाती। मतलब हर आदमी की बीवी में एक छुपी हुई चुदक्कड़ औरत रहती है, जो सही समय आने पर बाहर आ जाती है।

अब देखते हैं रूचि मेरे लिए कौन-सा सरप्राइज़ लाती है… क्या यह उसकी दीदी कान्ता होगी या मानसी होगी!

आपको मेरी हॉट वाइफ फक कहानी कैसी लगी?

कमेंट ज़रूर करना।

By Admin

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